Hot Posts

6/recent/ticker-posts

Ad Code

Responsive Advertisement

*औद्योगिक संस्थानों में गठित हो मजदूर यूनियन*

  रायगढ़, बीते 30 वर्षों में रायगढ़ की शांत फिजा में औद्योगिक संस्थानों ने सैकड़ो उद्योग धंधे स्थापित कर लिए, और लूट ली रायगढ़ की शांति, रायगढ़ मैं बहने वाले प्रदूषण रहित हवाएं , घोल दी यहां की स्वच्छ पानी में औद्योगिक प्रदूषण का जहर और दर दर की ठोकरे खाकर जीने को मजबूर है यहां के बेरोजगार युवा। किंतु आज भ्रष्टाचार इतनी चरम पर है कि उसके संबंध में बातें करना सूरज को दिया दिखाने के समान है, क्योंकि शासन प्रशासन वही है समय और वाक कटुता के कारण इनमें समय-समय पर फेर बदल जरूर होते रहते हैं किंतु मूल अवधारणाएं एक ही है।


यदि अवधारणाएं एक नहीं होती तो क्या आज रायगढ़ इतना प्रदूषित शहर होता ? क्या आज रायगढ़ यातायात की सुविधाओं से इतना पिछड़ा होता है ? क्या आज रायगढ़ को पीने के लिए एक बूंद स्वच्छ पानी के लिए भी पैसे खर्च करने पड़ते या क्या आज रायगढ़ का युवा दर-दर की ठोकरे खा रहा होता।

और तो और उनकी तानाशाही इतनी है कि आज तक बड़े से बड़े उद्योग भी अपने संस्थानों में प्रत्यक्ष रूप से मजदूर यूनियन का गठन नहीं होने दिए। मैं यह नहीं कहता कि वहां मजदूर यूनियन संचालित नहीं है, होगी लेकिन वह कौन सी यूनियन होगी जो प्रबंधन के द्वारा ही तैयार की गई होगी, जो अपने सुविधा अनुसार यूनियन का गठन कर उनके द्वारा दे दिया गया होगा और शासन प्रशासन भी उस यूनियन को किसी भी कारण से हो वैधानिक रूप दे दिए होंगे। 

लगभग पिछले 30 वर्षों के इतिहास में मैंने तो अभी तक कहीं किसी अखबार में यह नहीं पढ़ा की किसी औद्योगिक संस्थान में मजदूर यूनियन का चुनाव इस तारीख को होने वाला है। इस तिथि तक नामांकन भरे जाएंगे, इस तिथि को नामांकन पत्रों की जांच होगी, और इस तिथि को चुनाव एवं परिणामों की घोषणा होगी।

   शासन प्रशासन में बैठे लोग चाहे वह पंजीयन कार्यालय ही क्यों ना हो, किसी के द्वारा यदि छोटी सी समिति भी तैयार कराई जाती है तो उन्हें सख्त हिदायत दी जाती है कि आप अपने नियत समय में चुनाव करा कर नई कार्यकारिणी सार्वजनिक रूप से घोषित करेंगे। किंतु हमारे रायगढ़ स्थित औद्योगिक संस्थानों के लिए शायद इस बात की छूट दी जा रही है। या गुपचुप तरीके से नाम लिखकर जमा कर लिया जाता है, और समय-समय पर ऑडिट रिपोर्ट दे दी जाती होगी। रायगढ़ के लोग आज तक यह नहीं जान पाए की किस औद्योगिक संस्थान में कौन सा यूनियन वर्तमान में काबिज है। और किस नाम का यूनियन विरोधी की भूमिका में अपना कार्य कर रही है। 

माननीय पंजीयन कार्यालय से हम विशेष अनुरोध करते हैं कि कृपया मजदूरों के हक की लड़ाई लड़ने वाले सार्थक यूनियन के गठन को तवज्जो देते हुए औद्योगिक संस्थानों में जल्द से जल्द यूनियन का गठन कर चुनाव करवा कर विधिवत संवैधानिक कर्तव्यों का निर्वहन स्वयं भी करें और औद्योगिक संस्थानों को भी करने के लिए प्रेरित करें।

                          विमल चौधरी

Post a Comment

0 Comments

Ad Code

Responsive Advertisement